वीरांगना झलकारी बाई का जीवन एक आदर्शः मनोज तिवारी

News Publisher  

नई दिल्ली, नगर संवाददात: सांसद मनोज तिवारी ने आज स्वतंत्रता संग्राम सेनानी वीरांगना झलकारी बाई के जन्मदिन के उपलक्ष में एक कार्यक्रम का उद्घाटन किया उन्होंने समाज में विशेष कार्यों के लिए प्रोत्साहित करने के लिए कई लोगों को समाज रत्न अवार्ड से सम्मानित भी किया कार्यक्रम का आयोजन वीरांगना झलकारी बाई की जन्म जयंती के उपलक्ष में अखिल भारतीय कोरी कोली समाज के अध्यक्ष सुनील माहौर की ओर से किया गया इस अवसर पर उत्तर पूर्वी जिला भाजपा उपाध्यक्ष आनंद त्रिवेदी अखिल भारतीय कोली कोरी समाज के राष्ट्रीय महामंत्री राम सिंह माहौर गिरीश कुमार आर्य मानिकचंद सौदान सिंह कोली गंगाराम माहोर विजय कोली भानु मोहन कोहली दीपक माहौर सहित कई गणमान्य लोग एवं समाज के बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे। मनोज तिवारी ने कहा कि वीरांगना झलकारी बाई महारानी लक्ष्मीबाई की नियमित सेना में, महिला शाखा दुर्गा दल की सेनापति थीं। वे लक्ष्मीबाई की हमशक्ल भी थीं इस कारण शत्रु को गुमराह करने के लिए वे रानी के वेश में भी युद्ध करती थीं। अपने अंतिम समय में भी वे रानी के वेश में युद्ध करते हुए वे अंग्रेजों के हाथों पकड़ी गयीं और रानी को किले से बच निकलने का अवसर मिल गया। उन्होंने प्रथम स्वाधीनता संग्राम में झाँसी की रानी के साथ ब्रिटिश सेना के विरुद्ध अद्भुत वीरता से लड़ते हुए ब्रिटिश सेना के कई हमलों को विफल किया था। मनोज तिवारी ने कहा कि वीरांगना झलकारी बाई का जीवन सूरवीरों के लिए एक आदर्श है और समाज का हर शूरवीर ही उनका अनुकरण कर इतिहास में विशेष स्थान प्राप्त कर सकता है आजादी के लिए उन्होंने प्राणों का बलिदान दिया तो आजादी की रक्षा के लिए आज समाज में उनसे प्रेरित लोगों की जरूरत है उन्होंने समाज की मांग पर भरोसा दिलाया कि आगामी 6 माह के अंदर वीरांगना झलकारी बाई के नाम से न सिर्फ पार्क विकसित किया जाएगा बल्कि उसका नामकरण होने के साथ-साथ एक प्रतिमा का अनावरण भी किया जाएगा जिससे पार्क में प्रतिदिन सुबह-शाम आने वाले हजारों लोग स्वतंत्रता सेनानी वीरांगना झलकारी बाई के जीवन से प्रेरणा लेकर देश प्रेम की राह पर चलने की सीख ले